Department of Public Relation:Government of Madhya Pradesh

नारायणी नमः कार्यक्रम
कामकाजी महिलाओं के लिये निजी भवनों में संचालित होंगे वसति गृह

भोपाल, मध्यप्रदेश सरकार महिलाओं के राजनैतिक, आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण की दिशा में कार्य कर रही है। प्रदेश में कामकाजी महिलाओं के लिये वसति गृहों का संचालन निजी भवनों को किराये पर लेकर किया जायेगा। श्रमिक महिलाओं को गर्भधारण के दौरान चार हजार रुपये प्रतिमाह तथा प्रसव पश्चात् 12 हजार रुपये की राशि दी जायेगी। यह बात मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर आयोजित कार्यक्रम ‘नारायणी नमः’ में कही।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बेटा-बेटी में भेदभाव का दर्द बचपन से ही था। इसलिये सामाजिक जीवन के प्रारंभ से ही भेदभाव को समाप्त करने का प्रयास किया गया है। इसी क्रम में बेटियों के विवाह कराने, उन्हें लाड़ली लक्ष्मी बनाने के प्रयासों ने आकार लिया, यहीं से सबसे पहले बेटियों के साथ उनके मामा के रूप में आत्मीय रिश्ता कायम हुआ, जो अब बच्चे और वृद्धों तक से हो गया है।

श्री चौहान ने कहा कि महिलाओं के सशक्तिकरण के लिये सत्ता के सूत्र उन्हें सौंपे गये हैं। महिलाओं के लिये पृथक शौचालय बनाने का कार्य स्कूलों में अभियान के रूप में चल रहा है। थानों में महिला पुलिसकर्मियों के लिए शौचालय और ग्रामीण थानों में आवास के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि स्वयं का उद्यम स्थापित करने के लिए भी प्रोत्साहित किया गया है। युवा उद्यमी योजना में 10 लाख से दो करोड़ के ऋण में 15 प्रतिशत सब्सिडी, बैंक गारंटी सात वर्ष तक ब्याज भरने का कार्य सरकार कर रही है।

  • बीपीएल महिलाओं को निःशुल्क उपलब्ध करवायी जायेंगी सेनेटरी नैपकिन।
  • पचास वर्ष की अविवाहित महिलाओं को पेंशन दी जायेगी।